माना आसमां है तुझसे दूर, दूर, दूर बहुत,
फिर भी जितना हो सके तू पंख फैला के देख ना |
मंजिलें मिल जाएँगी पूरी होंगीं सारी ख्वाहिशें,
उनकी और छोटा सा कदम बढ़ा के देख ना |
वो तो तेरा है सदा उसको क्यूँ है भूलता,
उसके सामने ज़रा तू सर झुका के देख ना |
तेरी चाहतों का तुझे सिला मिलेगा जरूर,
तू भी बस प्यार से प्यार जाता के देख ना |
कितने भी तूफान हों पार पा ही लेगा तू,
बस होसले के साथ कश्ती चला के देख ना |
जो भी तुने खो दिया उसका ग़म न कर कभी,
फिर से अपनी किस्मत को आजमां के देख ना |
देगी जिंदगी तुझे बदले में बहुत कुछ,
एक बार तू इसे अपना बना के देख ना |
अपने दिल में सबको रखना काफी नहीं है 'सुनील',
हो सके तो दूसरों के दिल में जाके देख ना |
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